Friday, 3 May 2019

कभी मुझसे न अपने राज़ यारा तू छिपाया कर
जो माना मीत अपना तो मुझे सब कुछ बताया कर
यकीं है गर तुझे मुझ पर नहीं दूँगा तुझे धोखा
ज़माने की कही बातों में ऐसे तो न आया कर
तुझे हक़ है दिया मैंने किया कर हर शिकायत तू
करूँ गर कोई गलती मैं मुझे खुल के बताया कर
अगर है दोस्ती पक्की तो झगड़ा भी जरूरी है
कभी मैं मान जाऊंगा कभी तुझको मना लूंगा
तेरे मन से जुड़ा हूँ मैं मेरे मन से जुड़ा है तू
अगर माने हथेली पर न सरसों को उगाया कर
सहर या शाम बातें मैं करूँ घर में सदा तेरी
कभी मैं रूठ जाऊँ तो मुझे तू भी मनाया कर
खफ़ा होगा जो संजय से कहाँ तू चैन पायेगा
अँधेरा कर दूँ मैं गर एक दीपक तू जलाया कर
संजय कुमार गिरि

Monday, 18 March 2019


'माँ हँसवाहिनी साहित्यिक मंच' के कवि सम्मलेन की ख़बर देश के कई अखबारों की सुर्खियाँ बनी संपादक मित्रों का हार्दिक आभार एवं साधुवाद --










Sunday, 17 March 2019

बहा कर खून अपना जो करे है देश की रक्षा 
हुआ जो आज है घायल सिपाही भी वतन का है
"माँ हंसवाहिनी साहित्यिक मंच" द्वारा कवि सम्मेलन में "पुलवामा के शहीदों को भावभीनी श्रद्धांजलि"  
संजय कुमार गिरि ,वसुंधरा गाज़ियाबाद ,"माँ हंसवाहिनी साहित्यिक मंच" द्वारा 16 मार्च, 2019 शनिवार को गाज़ियाबाद के वसुंधरा, सेक्टर 3 के एस. जी. होम्स के प्रांगण में बहुत ही शानदार एवं भव्य कवि सम्मेलन का आयोजन हुआ । जो कि पुलवामा के शहीदों को समर्पित किया गया ।
कार्यक्रम की शुरुआत सरस्वती वन्दना से अल्का शर्मा ने अपनी सुरीली आवाज में की , इसके बाद नम आंखों से शहीदों को श्रद्धांजलि देते हुए 2 मिनट का मौन व्रत रक्खा गया ।
वरिष्ठ गीतकार जनाब अशोक मधुप अध्य्क्ष की भूमिका में रहे एवं संचालन को निर्देश पाबला ने अपनी जोरदार आवाज़ में और लाजवाब अंदाज़ में बहुत ही उम्दा निभाया । आमन्त्रित कवियों में चेतन आनन्द, जगदीश मीणा ,इब्राहिम अल्वी, सर्जन शीतल, इन्द्रजीत सुकुमार, आज़म हुसैन , गुरचरन मेहता रजत, जोगिंदर सिंह, फ़ैज़ बदायूँनी, अलका शर्मा, ममता लडीवाल ,संजय कुमार गिरि ,असलम बेताब, कीर्ति श्रीवासत्व, शोभा सचान, नरेश शर्मा, लक्ष्मी बिमला नेगी, पीयूष कांति, ओम प्रकाश कल्याणे, आशीष प्रकाश, सभी ने बेहद उम्दा काव्य पाठ किया । संस्था की तरफ से शॉल ओढ़ा कर एवं गलमाला पहना कर सभी कवियों का स्वागत एवं सम्मान किया गया । देश प्रेम का रंग सभी की रचनाओं में नज़र आया और होली के रंग में भी कुछ रचनाएँ रंगी हुई नजर आईं । अध्य्क्ष रहे अशोक मधुप जी ने अंत में बहुत ही शानदार काव्य पाठ किया , सोसायटी के बहुत से मित्रो नें गलमाला पहना कर उनका विशेष स्वागत एवं सम्मान किया ।
आयोजकों में संस्था के अध्यक्ष जगदीश मीणा, उपाध्यक्ष ममता लड़ीवाल, महासचिव मनोज कामदेव, कोषाध्यक्ष निर्देश पाबला, मीडिया प्रभारी संजय कुमार गिरि सभी अंत तक मौजूद रहे, संस्था की तरफ से आयोजक मंडल का भी विशेष सम्मान किया गया । सभी ने अपनी बहुत ही बेहतरीन रचनाओं से श्रोताओं को अंत तक सुनने के लिए रुकने के लिए मजूबर किया । एस जी होम्स के प्रांगण में 100 से अधिक श्रोता एकत्रित हुए, और कवि सम्मेलन का भरपूर आनन्द ले रहे थे । कार्यक्रम लगभग 4 घण्टे से अधिक समय तक चला, कार्यक्रम में श्रोताओं की उपस्थिति शुरू से अंत तक बराबर बनी रही ।
इसके साथ ही संस्था में उपस्थित विंग कमांडर योगेश दहिया जी को संस्था की तरफ से विशेष रूप से सम्मानित किया गया उन्होंने भी काव्य पाठ किया । कवियित्री पारो चौधरी जी को भी सम्मानित किया गया ।
कार्यक्रम के अंत में समापन पर एस जी होम्स के अध्यक्ष अनिल शर्मा ने सभी कवियों की प्रशंसा की, सभी का हार्दिक धन्यवाद किया और इस तरह के प्रयास को साहित्य के क्षेत्र में एक सराहनीय कार्य बताया । संयोजक के रूप में पीयूष कांति की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण रही I
































Friday, 8 March 2019

परम आदरणीय लव कुमार प्रणय (गुरुवर )जी के सानिध्य में -संजय कुमार गिरि


राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली से प्रकाशित अखबार एक्शन इंडिया में---

विकट परथति में डॉक्टरों पर जानलेवा हमले क्यों   लेखक संजय कुमार गिरि देश में इस विकट समस्या से आज हर नागरिक जूझ रहा है और न चाहते हुए भ...